राज्य स्तरीय जनजाति ग्रामीण युवा केन्द्र महोत्सव सम्पन्न

  • 2015-03-16 07:13:49.0
  • उगता भारत ब्यूरो
राज्य स्तरीय जनजाति ग्रामीण युवा केन्द्र महोत्सव सम्पन्न

प्रतापगढ़, 15 मार्च। राज्य स्तरीय जनजाति ग्रामीण युवा केन्द्र महोत्सव सुखाड़िया स्टेडियम में शनिवार को आदिवासी लोक संस्कृति की छटा बिखेरते हुए अगले साल फिर मिलने के संकल्प के साथ सम्पन्न हो गया। डूंगरपुर के लोक कलाकारों ने गैर नृत्य की आकर्षक प्रस्तुति दी। इस मौके पर विजेता खिलाड़ियों को अतिथियों ने नकद पुरस्कार वितरित किए।


              समापन समारोह को संबोधित करते हुए जिला कलक्टर रतन लाहोटी ने इस पहले राज्य स्तरीय महोत्सव के आयोजन का जिम्मा प्रतापगढ़ को देने के लिए मुख्यमंत्राी वसुंधरा राजे व जनजाति क्षेत्राीय विकास मंत्राी नन्दलाल मीणा का आभार जताया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन में कई कठिनाइयां आती हैं। खेलने के लिए मैदान, खिलाड़ियों के ठहरने, खाने-पीने आदि की अल्प समय में व्यवस्था करना बड़ी चुनौती थी जिसे सभी के सहयोग से टीम भावना के साथ कार्य कर सफलतम सम्पन्न कराया जा सका।


              जिला कलक्टर ने बताया कि महोत्सव में भाग लेने वाले सभी खिलाड़ियों व कलाकारों को ट्रेक सूट व जुते उपलब्ध कराये गये हैं। यह कार्य प्रभारी मंत्राी नन्दलाल मीणा व युवा एवं खेल मामलों के प्रमुख शासन सचिव जेसी महान्ति के विशेष प्रयासों से संभव हो सका। इन्होंने खास रूचि लेकर तत्काल इस संबंध में प्रस्ताव स्वीकृत कराया और बच्चों को ट्रेक सूट व जुते उपलब्ध कराये। इसके लिए उन्होंने मंत्राी मीणा व प्रमुख शासन सचिव महान्ति को धन्यवाद ज्ञापित किया।


               लाहोटी ने बताया कि प्रतापगढ़ जिले में खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए सरकार प्रयासरत है। इसी क्रम में यहां हॉकी व तीरंदाजी के स्टेडियम का निर्माण चल रहा है। साथ ही दो खेल छात्रावासों का निर्माण प्रगति पर है। इनका कार्य शीघ्र पूर्ण हो जाएगा।


              समारोह की मुख्य अतिथि जिला प्रमुख सारिका मीणा ने कहा कि खेल व शिक्षा के माध्यम से नई ऊंचाइयों तक पहुंचा जा सकता है। तीरंदाज लीम्बाराम व श्यामलाल से प्रेरणा लेकर आदिवासी प्रतिभाएं आगे आएं। अतिरिक्त जिला एवं सत्रा न्यायाधीश हुकम सिंह राजपुरोहित ने कहा कि ऐसे महोत्सव से जनजाति के बच्चों के विकास में मदद मिलेगी। चन्द्र प्रकाश द्विवेदी ने कार्यक्रम का संचालन किया।


               अन्तर्राष्ट्रीय ख्याति प्राप्त अर्जुन अवार्डी तीरंदाज एवं ओलंपियन ‘पद्म श्री’ लिम्बाराम व अर्जुन अवार्डी तीरंदाज एवं ओलंपियन श्यामलाल मीणा ने समारोह में मौजूद रहकर खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। इस अवसर पर जिला परिषद के सीईओ रामावतार मीणा, अनुजा निगम के परियोजना प्रबंधक विजय सिंह नाहटा, टीएडी पीओ हेमन्त स्वरूप माथुर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतन सिंह, नगर परिषद उप सभापति रमेश मीणा, पूर्व प्रधान एवं जिला परिषद सदस्य हेमन्त मीणा, ग्रामीण युवा केन्द्र योजना के राज्य खेल प्रभारी अधिकारी महेश चन्द्र सैनी, राज्य युवा बोर्ड के सचिव कैलाश पहाड़िया, जिला खेल अधिकारी महेश गौतम सहित अन्य अधिकारी, प्रशिक्षक, प्रतिभागी खिलाड़ी व आमजन मौजूद थे।


             कबड्डी बालक वर्ग में प्रतापगढ़ प्रथम 


राज्य स्तरीय जनजाति ग्रामीण युवा केन्द्र महोत्सव में अंतिम दिन फुटबॉल, हैण्डबॉल, कबड्डी के फाइनल मुकाबले हुए। जिला खेल अधिकारी महेश गौतम ने बताया कि फुटबॉल में उदयपुर प्रथम, प्रतापगढ़ द्वितीय, बांसवाड़ा की टीम तृतीय रही। इसी प्रकार हैण्डबॉल बालक वर्ग में सिरोही पहले, प्रतापगढ़ दूसरे, बांसवाड़ा तीसरे स्थान पर रही। बालिका वर्ग में उदयपुर प्रथम, डूंगरपुर द्वितीय, बांसवाड़ा की टीम तृतीय रही। इसी तरह कबड्डी बालक वर्ग में प्रतापगढ़ प्रथम, बांसवाड़ा दूसरे, सिरोही तीसरे तथा बालिका वर्ग में डूंगरपुर पहले, प्रतापगढ़ दूसरे, उदयपुर की टीम तीसरे स्थान पर रही।


                       राष्ट्रीय लोक अदालतों में एक हजार से ज्यादा प्रकरणों का निस्तारण


प्रतापगढ़, 15 मार्च। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के आदेशानुसार शनिवार को प्रतापगढ़ जिले में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालतों में विभिन्न प्रकार के 1033 प्रकरणों का निस्तारण किया गया। निस्तारित प्रकरणों में मुख्य रूप से राजस्व, मनरेगा, भू अवाप्ति, प्री लिटिगेशन के साथ-साथ विविध राजस्व, न्यायिक व पारिवारिक प्रकरण हैं।



              जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में जिले के सभी जिला एवं उपखण्ड राजस्व न्यायालयों में राजस्व राष्ट्रीय लोक अदालतों का आयोजन किया गया। जिला राजस्व अदालत बैंच प्रतापगढ़ एवं उपखण्ड क्षेत्रा प्रतापगढ़ बैंच का शिविर मिनी सचिवालय में लगा। शिविर में प्रभारी अधिकारी अतिरिक्त जिला एवं सत्रा न्यायाधीश हुकमसिंह राजपुरोहित, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट लता गौड़, जिला राजस्व अदालत के अध्यक्ष जिला कलक्टर रतन लाहोटी, समन्वयक अतिरिक्त जिला कलक्टर अनुराग भार्गव व प्रतापगढ़ उपखण्ड अधिकारी दिनेश कुमार मण्डोवरा की मौजूदगी में प्रकरणों का निस्तारण किया गया। इस दौरान जिला कलक्टर न्यायालय के 27, अतिरिक्त जिला कलक्टर न्यायालय के 17, उपखण्ड न्यायालय प्रतापगढ़ के 3 व तहसीलदार न्यायालय प्रतापगढ़ के 100 प्रकरणों का निस्तारण किया गया।


              मिनी सचिवालय में आयोजित लोक अदालत में सदस्य वरिष्ठ अधिवक्ता विमल कुमार मोदी, रमेश चन्द शर्मा, प्रमोद कुमार तम्बोली, राधेश्याम कुमावत, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतन सिंह, प्रतापगढ़ विकास अधिकारी दिलीप मेहता, जिला कलक्टर के रीडर महेश गिरी गोस्वामी, देवीलाल बरगोट के अलावा विभिन्न कार्यालयों के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।


              इसी प्रकार जिले के अन्य उपखण्ड अधिकारी, तहसीलदार व उप तहसीलदार न्यायालयों में लोक अदालत आयोजित कर मामलों का निस्तारण किया गया। उपखण्ड न्यायालय छोटी सादड़ी में 63, अरनोद में 8, धरियावद में 44 व पीपलखूंट में 11 प्रकरण निपटाये गये। इसी तरह तहसीलदार न्यायालय छोटी सादड़ी में 52, अरनोद में 75, धरियावद में 517 व पीपलखूंट में 93 प्रकरण निस्तारित किए गए। इसके अलावा सुहागपुरा उप तहसीलदार न्यायालय में 23 प्रकरण निस्पादित किए गए।


 पारिवारिक कलह से परेशानी का प्रकरण निपटाया


पारिवारिक कलह से परेशान एक विधवा रोती-बिलखती लोक अदालत पहुंची। जिला कलक्टर रतन लाहोटी ने स्नेह से चुप कराकर परेशानी पूछी तो उसने रोते हुए घर में बेटे-बहू के साथ कलह होने की बात बताई। इस पर कलक्टर ने बेटे को फोन कर मौके पर बुलाया और मां-बेटे को एक साथ बैठाकर सुलह करवाई। अतिरिक्त जिला एवं सत्रा न्यायाधीश हुकमसिंह राजपुरोहित व मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट लता गौड़ ने भी इसमें महती भूमिका निभाई।