संसद में राजस्थान

  • 2014-12-10 02:59:44.0
  • उगता भारत ब्यूरो
संसद में राजस्थान

राजस्थान में पॉवर सिस्टम डवलपमेंट फंड के अन्तर्गत ’’उप-केन्द्रों की सुरक्षा प्रणाली के पुनरूद्वार और उन्नयन’’ तथा बस रिएक्टर्स की संस्थापना के लिए 173. 49 करोड़ रूपये अनुमोदित


नई दिल्ली, 09 दिसम्बर, 2014। राजस्थान में पॉवर सिस्टम डवलपमंेट फंड के अन्तर्गत ’’उप-केन्द्रों की सुरक्षा प्रणाली के पुनरूद्वार और उन्नयन’’ तथा बस रिएक्टर्स की संस्थापना के लिए केन्द्रीय विद्युत मंत्रालय द्वारा 173. 49 करोड़ रूपये अनुमोदित किए गए है।


यह जानकारी लोकसभा में केन्द्रीय विद्युत, कोयला एवं नवीनकरणीय ऊर्जा राज्य मंत्राी (स्वतंत्रा प्रभार) श्री पीयूष गोयल ने राजस्थान से राज्यसभा सांसद श्री नारायण लाल पंचारिया द्वारा प्रदेश में पॉवर सिस्टम डिवलपमेंट फंड (पी.एस.डी.एफ.) के अन्तर्गत सहायता उपलब्ध करवाने के संबंध में पूछे गये सवाल के जवाब में दी।


श्री गोयल ने बताया कि राजस्थान सरकार ने विद्युत प्रणाली विकास निधि (पीएसडीएफ) से सहायता उपलब्ध करवाने हेतु भेजे गए प्रस्तावों के अन्तर्गत ’’उप-केन्द्रों की सुरक्षा प्रणाली का पुनरूद्वार और उन्नयन’’ तथा बस रिएक्टर्स की संस्थापना के लिए क्रमशः 159.53 करोड़ और 23.96 करोड़ रूपये की राशि विद्युत मंत्रालय द्वारा अनुमोदित की गई है।



पाली के सांसद श्री पी.पी. चौधरी ने केन्द्र सरकार से किया


ओरण विकास बोर्ड के गठन का आग्रह


पाली के सांसद श्री पी.पी. चौधरी ने लोकसभा में केन्द्र सरकार से ओरण भूमि का मुद्दा उठाते हुए ओरण विकास बोर्ड का गठन करने का आग्रह किया।


उन्होंने बताया कि राजस्थान के पाली जिले में अनुमानित 5000 बीघा ओरण भूमि में अंग्रेजी बबुल अत्याधिक फैल जाने के कारण वहां की स्थानीय किस्म की वनस्पति और पेड़-पौधे लुप्त हो रहे है। इसके अतिरिक्त इस ओरण भूमि पर लोगों द्वारा अतिक्रमण किया जा रहा है। जिसे रोकने के लिए ओरण विकास बोर्ड का गठन कर उक्त भूमि को चिन्हित कर उसका नरेगा योजना के तहत दीवार, मेडबंदी कर, उसमें से अग्रेजंी बबुल को जड से उन्मुलन किया जावें ताकि स्थानीय प्रजाति की घास एवं वनस्पति का संरक्षण हो सके। उक्त भूमि का पर्यावरण दृृष्टि से भी महत्व आसानी से बचाया जा सकता है।