अगस्ता डील के पैसे किसने हड़पे, ये बात बतानी ही होगी: पर्रिकर

  • 2016-04-30 10:47:28.0
  • उगता भारत ब्यूरो

अगस्ता डील

देहरादून। केंद्रीय रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने अगस्ता वेस्टलैंड डील पर यूपीए सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल ये है कि पैसे किसने लिए और इसका जवाब पिछली सरकार को देना ही होगा। पर्रिकर ने कहा कि इटली की कोर्ट ने स्पष्ट कर दिया है कि हेलिकॉप्टर डील के लिए कंपनी द्वारा 125 करोड़ रूपए की रिश्वत दी गई थी। पर्रिकर देहरादून के चीड़बाग में शौर्य स्थल का भूमि पूजन कर शिलान्यास करने आए थे।

पत्रकारों से बातचीत के दौरान पर्रिकर ने अप्रत्यक्ष तौर पर डील में शामिल लोगों का नाम लिए बिना कहा कि राजनेताओं और अधिकारियों ने कितनी रिश्वत ली ये तो जांच से पता ही चल जाएगा लेकिन जिस प्रकार से डील हुई है और जिस तरीके से कंपनी को मदद पहुंचाने की कोशिश की गई है। उसका जवाब पिछली सरकार को देना पड़ेगा। पर्रिकर ने कहा कि वो मामले पर ज्यादा नहीं बोल सकते क्योंकि ये मामला संसद में है और वहीं इस पर चर्चा की जाएगी।

गौरतलब है कि अगस्ता वेस्टलैंड घोटाला 2013 में पहली बार सामने आया था जब इटली में ‘फिनमेक्कनिका’ (इसकी सहायक कंपनी अगस्ता वेस्टलैंड है) के तत्कालीन सीईओ को गिरफ्तार किया गया था। घोटाले में 12 हेलिकॉप्टरों की खरीद के लिए 3,546 करोड़ रुपये का सौदा हुआ था। इस डील में 360 करोड़ रुपए की रिश्वतखोरी की बात सामने आई कई जिसमें कई भारतीय राजनेताओं और सैन्य अधिकारियों पर रिश्वतखोरी का आरोप लगा है। जिसके बाद हाल ही में आए इटली कोर्ट के फैसले के बाद मामले पर सियासी हलचल जारी है।